Sunday, 27 January 2013

कृपा ...

हे प्रभु !

प्रत्येक रस का स्वाद 
देख लिया ,

यदि कुछ  शेष है
तो तुम्हारी 
भक्ति का स्वाद 
शेष है .

किन्तु , यह आहार 
सरल नहीं है प्राप्त 
करना ,

जब तक न हो 
कृपा  आपकी .

हे प्रभु ! हे प्रभु !!

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